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भागलपुर में पांच लोग बने निक्षय मित्र, टीबी मरीजों की करेंगे मदद
-आर्थिक से लेकर मानसिक तौर पर भी टीबी मरीजों की करेंगे सहायता
-मरीजों को गले लगाकर टीबी को खत्म करने में निभाएंगे अपनी भूमिका
भागलपुर, 20 नवंबर-
टीबी जैसी बीमारी को समाज से खत्म करने के लिए सरकार एक से बढ़कर एक प्रयास कर रही है। टीबी मरीजों को मुफ्त इलाज तो मुहैया करा ही रही है। साथ में पांच सौ रुपये प्रतिमाह सहायता राशि भी दे रही, जब तक दवा चलती है। अब टीबी को लेकर सरकार एक और मुहिम चला रही है। यह है निक्षय मित्र के जरिये टीबी मरीजों की मदद। यह मुहिम टीबी उन्मूलन में एक बड़ी क्रांति हो सकती है। दरअसल, निक्षय मित्र के जरिये टीबी मरीजों को न सिर्फ आर्थिक मदद मिल रही है, बल्कि मानसिक तौर पर भी मजबूती मिल रही है।
जिले में एक साथ पांच लोग निक्षय मित्र बने हैं-
जिले में निक्षय मित्र के जरिये बड़ा बदलाव आ सकता है। इसकी शुरुआत हो चुकी है। जिले में एक साथ पांच लोग निक्षय मित्र बने हैं। केयर इंडिया के डीटीएल डॉ. निनकुश अग्रवाल, डीटीओ डॉ. सुपर्णा टाट और डॉ. असद जावेद, डीपीओ मानस नायक के साथ केएचपीटी की डिस्ट्रिक्ट टीम लीडर आरती झा एक साथ निक्षय मित्र बनीं हैं। अब ये लोग न सिर्फ टीबी मरीजों की मदद करेंगे, बल्कि लोगों को निक्षय मित्र बनने के लिए जागरूक भी करेंगे। दरअसल, निक्षय मित्र योजना ही यही है। इसके जरिये समाज के सक्षम लोग टीबी मरीजों को गोद लेंगे और उनकी आर्थिक से लेकर अन्य तरह की सहायता करेंगे।
केएचपीटी की होगी बड़ी भूमिकाः भागलपुर में टीबी उन्मूलन को लेकर कर्नाटका हेल्थ प्रमोशन ट्रस्ट (केएचपीटी) स्वास्थ्य विभाग के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम कर रहा है। सरकार ने जब निक्षय मित्र के जरिये टीबी उन्मूलन की बात कही तो केएचपीटी ने इसे हाथोंहाथ लिया और कई लोग ने निक्षय मित्र बनकर इस अभियान में भी अपनी भूमिका के बारे में सोची। इसकी शुरुआत केएचपीटी की डिस्ट्रिक्ट लीडर आरती झा ने की। वह सबसे पहले निक्षय मित्र बनीं। आरती झा कहती हैं कि टीबी मरीजों को आर्थिक मदद तो सरकार पहले से ही कर रही है। इलाज मुफ्त में हो रहा है। दवा भी मुफ्त में मिल रही है। इसके अलावा आर्थिक सहायता भी मिल रही है। अब मैं निक्षय मित्र बनी हूं तो इसके तहत टीबी मरीजों की आर्थिक सहायता तो करूंगी ही। साथ में उसे मानसिक तौर पर भी मजबूत करने का काम करूंगी। यही सोचकर मैं टीबी मरीजों की मदद कर रही हूं।
इस मुहिम के जरिये बड़े पैमाने पर लोगों को जोड़ा जाएगाः जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ. दीनानाथ कहते हैं कि निक्षय मित्र के जरिये बड़े पैमाने पर टीबी मरीजों की मदद हो सकती है। अच्छी बात यह है कि भागलपुर में इसकी शुरुआत हो गई है। निक्षय मित्र के जरिये मरीजों को आर्थिक मदद भी मिल रही है औऱ मानसिक मदद भी। इस मुहिम के जरिये बड़े पैमाने पर लोगों को जोड़ा जाएगा और जिले को जल्द से जल्द टीबी से मुक्त कराया जाएगा। इसके साथ-साथ मैं लोगों से यह भी अपील करना चाहता हूं कि अगर किसी को लगातार दो हफ्ते तक खांसी हो, बलगम के साथ खून आए, लगातार बुखार रहे या फिर शाम के वक्त पसीना आए तो आप बेधड़क सरकारी अस्पताल का रुख करें। यहां पर आपका बिल्कुल ही मुफ्त में इलाज होगा। साथ ही दवा भी मुफ्त में मिलेगी।
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रिपोर्टर
The Reporter specializes in covering a news beat, produces daily news for Aaple Rajya News
Dr. Rajesh Kumar