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कालाजार उन्मूलन की ओर अग्रसर है बिहार, अब मात्र 4 प्रखंड है कालाजार से प्रभावित
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- Dec 30, 2020
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• बिहार में कालाजार प्रभावित प्रखंडों की संख्या 130 से घटकर हुयी 4
• सिवान में मात्र एक प्रखंड है एंडेमिक
• सारण में तीन प्रखंड है कालाजार से प्रभावित
• वर्ष 2021 के लिए तैयार किया गया एक्शन प्लान
• सारण प्रमंडल के तीनों जिलों की हुई समीक्षा
सीवान-
कालाजार उन्मूलन को लेकर स्वास्थ्य विभाग कृत संकल्पित है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन के द्वारा कालाजार के प्रकोप के रोकथाम के लिए एनआईसी के माध्यम से वीडियो कन्फ्रेंसिंग की गयी। जिसमें जिला पदाधिकारी, सिविल सर्जन एवं अन्य स्वास्थ्य विभाग के पदाधिकारियों के साथ समीक्षा की गयी। सिवान के एनआईसी से बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय भी शामिल हुए। जिसमें स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने बिहार के परिप्रेक्ष्य में प्रकाश डालते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. हर्षवर्धन को बताया बिहार में 38 जिलों में से 33 जिला कालाजार से प्रभावित है। 2 सितंबर 2014 को कालाजार उन्मूलन कार्यक्रम की शुरूआत की गयी थी, उस समय 33 जिलों के 458 प्रखंड में से 130 प्रखंड कालाजार से प्रभावित थे। वर्ष 2014 में 8028 कालाजार के मरीज प्रतिवेदित हुए थे जो अब मात्र 1344 रह गये हैं।
कालाजार प्रभावित प्रखंडों संख्या हुई 4:
स्वास्थ्य मंत्री मगंल पांडेय ने बताया कि बिहार में कालाजार अक्रांत प्रखंडों की 130 से घटकर मात्र 4 प्रखंड रह गए हैं । उन्होंने बताया इसमें सारण जिले के गड़खा, परसा, दरियापुर, सिवान जिले के गोरेयाकोठी प्रखंड कालाजार प्रभावित है। कालाजार उन्मूलन को सफल बनाने के लिए वर्ष में चार बार सक्रिय मरीज खोज
अभियान चलाया जा रहा है.वर्ष में 02 बार छिड़काव तथा प्रत्येक नये मरीज के प्रतिवेदित होने पर दवा का छिड़काव भी कराया जा रहा है।कालाजार मरीजों के त्वरित खोज एवं ईलाज की व्यवस्था राज्य के 28 उपचार केन्द्रो पर रखी गयी है।
2021 तक कालाजार उन्मूलन का लक्ष्य होगा पूरा:
स्वास्थ्य मंत्री मंगल पाण्डेय ने केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री को आश्वस्त किया कि 2021 मेंकालाजार का उन्मूलन कर लिया जायेगा। इसके लिए एक्शन प्लान भी तैयार कर लिया गया है।केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने बिहार के स्वास्थ्य मंत्री के विचारों को ध्यानपूर्वक सुना एवं सुझाव देने के लिए उन्हें धन्यवाद दिया।
रोगी को श्रम क्षतिपूर्ति के रूप में दी जाती है राशि:
कालाजार से पीड़ित रोगी को मुख्यमंत्री कालाजार राहत योजना के तहत श्रम क्षतिपूर्ति के रूप में पैसे भी दिए जाते हैं। बीमार व्यक्ति को 6600 रुपये राज्य सरकार की ओर से और 500 रुपए केंद्र सरकार की ओर से दिए जाते हैं। यह राशि वीएल (ब्लड रिलेटेड) कालाजार में रोगी को प्रदान की जाती है। वहीं आशा को कालाजार के रोगियों को अस्पताल लाने की दिशा में प्रोत्साहन राशि 100 रुपये प्रति मरीज की दर से भुगतान किया जाता है। कालाजार मरीजों को मुख्यमंत्री कालाजार राहत योजना के तहत भुगतान प्रक्रिया को भी सरल बना दिया गया है। अब नये संकल्प के आधार पर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र स्तर पर भर्ती होने वाले मरीजों को वहां के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी द्वारा राशि का भुगतान किया जाता है।
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रिपोर्टर
The Reporter specializes in covering a news beat, produces daily news for Aaple Rajya News
Dr. Rajesh Kumar