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फाइलेरिया उन्मूलन में पेशेंट नेटवर्क समूह का योगदान अहम्
• घर पर आकर दवा खिलाने वाली टीम का करें सहयोग : डॉ. राजेश पांडेय
• दवा सेवन के साथ स्वच्छता का पालन आवश्यक
• डॉ. रजनीकांत ने ख़ुद हाथीपांव की सफाई कर दिया मरीजों को संदेश
पटना/ 30 मार्च-
फाइलेरिया में राहत पाने के लिए इसके मरीजों को दवा सेवन के साथ स्वच्छता का पालन करना भी बेहद आवश्यक है. घर के समीप पानी जमा नहीं होने दें और साफ़-सफाई का ध्यान रखें. हमेश रात को सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करें ताकि मच्छर से सुरक्षा मिल सके. सावधानी से ही फाइलेरिया से बचाव संभव है. उक्त बातें जिला वेक्टर जनित रोग नियंत्रण पदाधिकारी डॉ. सुभाष चंद्र प्रसाद ने सेंटर फॉर एडवोकेसी एंड रिसर्च (सीफार ) द्वारा गठित संकुल नेटवर्क समूह के प्रथम बैठक के शुभारंभ के अवसर पर कही.
घर पर आकर दवा खिलाने वाली टीम का करें सहयोग- डॉ. राजेश पांडेय:
विश्व स्वास्थ्य संगठन के नॉन ट्रॉपिकल डिजीज के राज्य समन्वयक डॉ. राजेश पांडेय ने फाइलेरिया रोग के विषय में विस्तार से जानकारी दी. उन्होंने बताया कि दवा की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के साथ लोगों को दवा खिलाने की भी जिम्मेदारी सबकी है. सभी को घर में आकर दवा खिलाने वाली टीम का सहयोग करना चाहिए और दवा खानी चाहिए. उन्होंने कहा कि साल में एक बार डी.ई.सी. और अल्बेनडाजॉल की दवा खाना पर्याप्त है. डॉ. राजेश ने बताया कि फाइलेरिया महिलाओं के जननांगों एवं स्तनों को भी संक्रमित कर सकता है.
फ़ाइलेरिया मरीजों ने जाने प्रबंधन के गुर:
लेप्रा सोसाइटी बिहार के राज्य समन्वयक डॉ. रजनीकांत ने मरीजों को उनके फ़ाइलेरिया ग्रसित अंगों के साफ़-सफाई के बारे में विस्तार से बताया. उन्होंने हाथीपांव से ग्रसित मरीज रणजीत कुमार के पैर की सफाई करते हुए सभी शामिल प्रतिभागियों को इसकी बारीकी के बारे में दिखाया और इसकी महत्ता के बारे में समझाया. उन्होंने कई मरीजों के साथ साफ़- सफाई करने के तरीकों को विस्तारपूर्वक दर्शाया.
फाइलेरिया यूनिट, दानापुर की इंचार्ज डॉ. उषा ने मरीजों को भरोसा दिलाया की नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों पर दवा एवं जांच की सुविधा निशुल्क उपलब्ध है और सभी फाइलेरिया मरीज इसका लाभ उठा सकते हैं. डॉ. उषा ने कहा कि फाइलेरिया उन्मूलन में पेशेंट नेटवर्क समूह का योगदान अहम् साबित होगा. कार्यक्रम का संचालन करते हुए सेंटर फॉर एडवोकेसी एंड रिसर्च के राज्य कार्यक्रम प्रबंधक रणविजय कुमार ने चिकित्सकों और विशेषज्ञों को संकुल समूह के बारे में विस्तार से बताया और शामिल मरीजों को अपनी बात मंच के समक्ष रखने के लिए प्रेरित किया.
मरीजों ने रखी अपनी बात:
जहाज घाट, दीघा की निवासी सीता देवी ने चिकित्सकों और विशेषज्ञों के समक्ष अपनी फाइलेरिया से जंग की पूरी बात बताई और कहा की सेंटर फॉर एडवोकेसी एंड रिसर्च द्वारा गठित पेशेंट सपोर्ट ग्रुप से जुड़कर उन्होंने फाइलेरिया के बारे में पूरी जानकारी प्राप्त की और ग्रुप के सहयोग से उन्हें अब दवा भी सुगमता से उपलब्ध हो सकी है. संकुल समूह की बैठक में तीन सपोर्ट ग्रुप क्रमशः गंगा वैली ग्रुप, रामजी चक समूह और केश्वर समूह के 48 फाइलेरिया मरीजों ने अपनी उपस्थिति दर्ज करायी
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रिपोर्टर
The Reporter specializes in covering a news beat, produces daily news for Aaple Rajya News
Dr. Rajesh Kumar